जिलाधिकारी सोनभद्र को पत्र लिखकर चोपन ब्लाक में अनियमितता की जांचकर कार्यवाही कराने की किया मांग : सुनील कुमार त्रिपाठी

राम अनुज धर द्विवेदी

सोनभद्र। चोपन ब्लाक में खण्डविकास अधिकारी कार्यालय में विकास कार्यों के धन क्षेत्र पंचायत द्वारा संचालित विधान मंडल विकास क्षेत्र निधि विधायक, सांसद निधि, 14 वा 15 वित्त व राज वित्त में जमकर भ्रष्टाचार एवं बन्दरबांट किया जा रहा है जिसकी सूचना सुनील तिवारी द्वारा समय समय पर दिया गया । खण्डविकास अधिकारी उक्त द्वारा तमाम अलग-अलग तिथियों को “5” निविदाएं नियम विरुद्ध एवं भ्रामक निकलवा दी गयी विकास खंड चोपन मे अब तक करीब 4 करोड़ का टेंडर कराया गया परंतु कराये जा रहे टेंडर प्रक्रिया में कही भी प्राक्कलन का जिक्र तक नहीं है कि कौन सा काम कितने रुपये का है श्रम और सामग्री कितने का है कुछ भी पता नही है और तो और टेंडर में ठेकेदारो द्वारा कितने रुपये का एफ.डी.आर. देना है टेंडर में उसका भी कही उल्लेख नही है जो सरासर गलत एवं नियम बिरुद्ध है।

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साथ ही खण्डविकास अधिकारी उक्त द्वारा नियम को ताख पर रखते हुए अपने सरकारी आवास को भी ध्वस्त करा दिए और बिना टेंडर निकाले ही उस आवास का निर्माण कार्य भी प्रारंभ करा दिए जिसकी सूचना भी प्रार्थी द्वारा 18-10-2021 व दिनांक 23-10-2021 को दो अलग अलग तिथियों को जिलाधिकारी कार्यालय में स्वयं उपस्थित होकर अपने शिकायती पत्र के माध्यम से व मुख्य विकास अधिकारी सोनभद्र आयुक्त विंध्याचल मण्डल मिर्जापुर आयुक्त ग्रामविकास को रजिस्टर्ड डाक द्वारा अवगत भी करा चुका है। परन्तु चार माह का समय व्यतीत हो जाने के बाद भी न तो जांचे ही कराई गई न तो खण्डविकास अधिकारी चोपन के मनमाने रवैया पर अंकुश ही लगवाया गया।
गौर करने वाला प्रश्न यह है कि प्रार्थी के पत्र का सज्ञान लेते हुए तत्कालीन जिलाधिकारी महोदय द्वारा अपने पत्रांक संख्या 672/ डीडीओ सोनभद्र को जांच के लिए अंतरित भी कर दिया गया परन्तु उसी दिन जिलाधिकारी महोदय का गैर जनपद स्थानांतरण हो जाने के कारण खण्डविकास अधिकारी उक्त द्वारा जांच को दबवा दिया गया और मेरे ऊपर कुछ लोगो द्वारा दबाव भी बनवाया जाने लगाऔर फर्जी मुकदमों में भी फ़साने की धमकी दी जा रही है
महोदय आपका पत्रांक 672/ डीडीओ को जांच के लिए दिया भी गया परन्तु डीडीओ के द्वारा कोई कार्यवाही नही की गई जिसपर प्रार्थी द्वारा दिनांक 25/10/2021 को सूचना अधिकार के तहत जिलाविकास अधिकारी से आपके पत्रांक 672 पर सूचना मांगा की आपके द्वारा क्या कार्यवाही की गई जिसके जबाब जिलाविकास अधिकारी द्वारा लगभग ढाई महीने बाद जिलाविकास अधिकारी का पत्रांक 1740/शिकायत 2021-22 दिनांक 21/12/2021 को यह सूचना उपलब्ध कराई गई कि मैं बीमार हूं।
महोदय जो एकदम हास्यास्पद एवं आपत्तिजनक है महोदय व्यक्ति बीमार हो सकता हैं कुर्शिया और कलम बीमार नही होती अगर कलम और कुर्शिया बीमार होती रहती तो 70 वर्षों से तमाम परियोजनाए एवं सरकारी कार्य अभी भी अधर में ही लटके होते महोदय जिलाविकास अधिकारी के द्वारा जांच में अनावश्यक बहाने बाजी कर खण्डविकास अधिकारी चोपन को कही न कही बचाने का पूर्ण प्रयास कर मौका प्रदान किये जाने के उद्देश्य से भी जाँच को अनावश्यक 5 महीने तक अधर में लटकाया गया ताकि खण्डविकास अधिकारी चोपन बचने का रास्ता ढूढ़ सकें।
खण्डविकास अधिकारी चोपन के मनमानी की बानगी निम्नवत है।
1- खण्डविकास अधिकारी द्वारा कराये गए भुगतान पर कोई भी जीएसटी जमा नही कराई गई।
2- ठेकेदारों के रजिस्ट्रेशन में लगे अनुभव प्रमाण पत्र फर्जी है।
3- खुलेआम 50% कमीशन की कार्यो के जांच से कार्य की गुडवत्ता द्वारा ही पता लग जायेगा।
4- सरकारी आवास ध्वस्तीकरण के बाद बार-बार रँगाई पोताई की निविदाएं निकालना जबकी तमाम खण्डविकास अधिकारियों द्वारा समय-समय पर आवास मरम्मत पर भारी धनराशि खर्च की जा चुकी हैं और वित्तीय वर्ष 2020-21 में लगभग 4 लाख रुपए खर्च कर उक्त आवास की मरम्मत व रँगाई पोताई कराई जा चुकी है। और और पिछले वर्ष में लगभग तीन लाख का भुगतान भी कराया जा चुका है।
5- सपथ ग्रहण के पूर्व ब्लाक प्रमुख आवास की रँगाई पोताई होने के बावजूद ब्लाक प्रमुख आवास की रँगाई पोताई की निविदाएं निकालना पूर्व की फोटोग्राप्स भी मौजूद।
6- बिना स्थलीय निरीक्षक एवं भौतिक सत्यापन के ही परियोजनाओ पर भुगतान कर देना।
7- खण्डविकास अधिकारी आवास के ध्वस्तीकरण के बाद निकले “रा” मैटीरियल ईट, व छड़ द्वारा पुनः उसी आवास का निर्माण कराकर भारी सरकारी धन को हड़पने का प्रयास करना।
8- पूर्व किसी भी खण्डविकास अधिकारीयो द्वारा आवास ध्वस्तीकरण को लेकर अपने उच्चाधिकारियों को एक भी पत्राचार नही किया गया है।
9-क्षेत्र पंचायत में पहली बार ठेकेदारी प्रथा लागू कर दी गयी जिसमें खण्डविकास अधिकारी चोपन द्वारा अपने चुंनिन्दा चहेतों को व्यक्तिगत लाभ पहुंचाने के उद्देश्य से नियम कायदे को जेब मे रखते हुए कूटरचित तरीके से प्रमाण पत्रों को लगवाकर पंजीयन भी करा दिया गया।

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10-क्षेत्र पंचायत के विकास के कार्यों में प्रयुक्त होने वाली सामग्री को पत्थर, गिट्टी, बालू ,को लगवा कर फर्जी एम एम 11व परमिट लगाकर ठेकेदारों व फर्मो को व्यकिगत लाभ पहुचाते हुए सरकारी धन का बन्दरबांट किया गया जिसे टेक्निकल जांच से व स्थानीय ग्रामीणों से सत्यापन किया जा सकता है।
10- खण्डविकास अधिकारी द्वारा सुनियोजित तरीके से निकाली गई निविदा/ विज्ञप्तियों में इस बात का खास ध्यान रखा गया कि कोई भी परियोजना 10 लाख को पार न कर सकें परियोजना को 10 लाख पार करने पर ई टेंडरिंग करनी पड़ती इस उद्देश्य को ध्यान रखते हुए मैन्युअल टेंडर कराया गया कि परियोजना 10 लाख के अंदर सीमित रहें। इनके इस कार गुजारी के चलते कोई भी परियोजना अपने अमुक स्थान से अमुक स्थान को पूर्ण ही नहीं करती।

11-विधान मंडल विकास क्षेत्र निधि, विधायक सांसद निधि समेत उपरोक्त सभी वित्त में श्रमिकों के मजदूरी भुगतान में भी भारी पैमाने पर भ्रष्टाचार को कराया गया है।जिसकी सोशल आडिट कराया जाना जनहित में जरूरी हैं।साथ ही उक्त समस्त प्रकरण पर गम्भीरता से विचार करते हुए उच्च कमेटी का गठन कराकर जांच कराकर खण्डविकास अधिकारी के मनमाने रवैया पर अंकुश लग सके व सरकारी धन के बन्दर बाट से बचा जा सकें।

बार काउंसिल देगा यूपी के 849 अधिवक्ताओं को राहत धनराशि

HIGHLIGHTS

  • कोरेना पीड़ित एवं गम्भीर बीमारी से ग्रसित अधिवक्ता होंगे पात्र
  • यूपी बार काउंसिल प्रयागराज कार्यालय में हुई बैठक में मिली स्वीकृति

राजेश पाठक

सोनभद्र। उत्तर प्रदेश के कोरेना पीड़ित एवं गम्भीर बीमारी से ग्रसित 849 अधिवक्ताओं को शीघ्र ही बार काउंसिल सहायता धनराशि मुहैया कराएगा। इसके लिए यूपी बार काउंसिल कार्यालय प्रयागराज में शनिवार को हुई बैठक में स्वीकृति मिली है। जिससे एकबार फिर से पीड़ित अधिवक्ताओं में उम्मीद जगी है।
बता दें कि बार काउंसिल उत्तर प्रदेश प्रयागराज कार्यालय में शनिवार को अखिल भारतीय बार काउंसिल अधिवक्ता कल्याणकारी समिति (नियम-40) की बैठक में प्रदेश बार काउंसिल में बार काउंसिल ऑफ इंडिया के प्रतिनिधि सदस्य एवं नियम-40 समिति के पदेन अध्यक्ष श्रीनाथ त्रिपाठी की अध्यक्षता में संम्पन्न हुई।

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जिसमें नियम-40 समिति के सदस्य क्रमशः योगेंद्र स्वरूप ( कानपुर नगर) व अखिलेश कुमार अवस्थी (लखनऊ) उपस्थित रहे। समिति की बैठक में सबसे पहले 28 नवंबर 2020 की बैठक में स्वीकृत 287 कोरेना पीड़ित अधिवक्ताओं एवं 17 जनवरी 2021 की बैठक में स्वीकृत 290 कोरेना पीड़ित अधिवक्ताओं के सहायता राशि के भुगतान के लिए कार्यालय को निर्देशित किया गया।

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इसके अलावा 22 जनवरी 2022 की हुई बैठक में स्वीकृत 272 कोरेना पीड़ित एवं गम्भीर बीमारी से पीड़ित अधिवक्ताओं के सहायता राशि के भुगतान के लिए स्वीकृति प्रदान की गई। को-चेयरमैन बार काउंसिल ऑफ इंडिया श्रीनाथ त्रिपाठी ने बताया कि उक्त बैठक में बार काउंसिल उत्तर प्रदेश के उपाध्यक्ष राकेश पाठक भी मौजूद रहे।

पत्रकार पर शांति भंग की कार्रवाई की निंदा

प्रबुद्ध समाज स्तब्ध, एसपी का कराया है ध्यानाकृष्ट

सर्वेश श्रीवास्तव

सोनभद्र। विधान सभा चुनाव के दौरान पुलिस द्वारा मीडिया कर्मियों को शांतिभंग के अंदेशा में पाबंद किए जाने की कार्रवाई की निंदा की गई है। मीडिया फोरम आफ इंडिया( न्यास) के राष्ट्रीय कार्यकारी अध्यक्ष एवं वरिष्ठ पत्रकार मिथिलेश प्रसाद द्विवेदी, जिलाध्यक्ष राजेश गोस्वामी, आइडियल जर्नलिस्ट एसोसिएशन के जिलाध्यक्ष संतोष कुमार नागर,सोन साहित्य संगम के संयोजक एवं वरिष्ठ अधिवक्ता राकेश शरण मिश्र समेत तमाम पत्रकारो ने ढुटेर गांव निवासी मीडिया फोरम ऑफ इंडिया के जिला उपाध्यक्ष तथा वरिष्ठ पत्रकार ज्ञानदास कनौजिया को भी गरीबों, मजदूरों के साथ शाहगंज पुलिस द्वारा आनन-फानन में खानापूर्ति के लिए संकीर्ण मानसिकता वालों के इशारे पर शांति भंग के अंदेशा में भादवि की धारा 107/ 116 में पाबंद कर बेवजह परेशान किए जाने की घोर निंदा की है। यह गांव में शराफत की जिंदगी व्यतीत करने वाले सीधे-साधे प्रबुद्ध व्यक्ति हैं। जबकि एक ओर जहां जिला एवं पुलिस प्रशासन के मुखिया पत्रकारों से चुनाव में सहयोग की अपील कर रहे हैं वहीं कुछ पुलिस कर्मियों द्वारा लोकतंत्र के चौथे स्तंभ यानी पत्रकारों को शांतिभंग के आरोप में निरुद्ध कर बेवजह परेशान किए जाने की कार्रवाई से प्रबुद्ध समाज स्तब्ध है। पत्रकारों ने इस ओर पुलिस अधीक्षक का ध्यान आकृष्ट कराया है।

UP Election: मैदान में उतरी BJP की महिला ब्रिगेड, जानिए अपर्णा; अदिति और प्रियंका मौर्य ने क्या कहा?


UP Assembly Election 2022: अदिति सिंह ने कहा कि भारतीय जनता पार्टी की सरकार में महिलाओं के लिए कई योजनाएं बनाई गईं. योगी सरकार में महिलाओं की सुरक्षा सुनिश्चित हुई.

HIGHLIGHTS

  • महिलाओं के खाते में सीधे पैसा पहुंचाया गया-
  • अदिति सिंहबीजेपी को राष्ट्रवाद की वजह से चुना- अपर्णा यादव
  • राष्ट्रहित के लिए करेंगे काम- प्रियंका मौर्य

लखनऊ: उत्तर प्रदेश विधान सभा (UP Assembly Election) चुनाव में प्रचार के लिए बीजेपी (BJP) की महिला बिग्रेड मैदान में उतर गई है. मुलायम सिंह यादव (Mulayam Singh Yadav) की बहू अपर्णा यादव (Aparna Yadav), कांग्रेस (Congress) से बीजेपी में शामिल हुईं विधायक अदिति सिंह (Aditi Singh) और कांग्रेस की पोस्टर गर्ल रहीं प्रियंका मौर्य (Priyanka Maurya) ने लखनऊ में प्रेस कॉन्फ्रेंस की. उन्होंने इस दौरान मोदी और योगी सरकार के कामों के बारे में बताया.

महिलाओं को ध्यान में रखकर बीजेपी ने बनाईं योजनाएं- अदिति सिंह
यूपी की रायबरेली सदर सीट से बीजेपी की प्रत्याशी अदिति सिंह ने कहा कि मैंने कुछ समय पहले बीजेपी की सदस्यता ग्रहण की है और अब मैं रायबरेली सदर सीट से चुनाव लड़ने जा रही हूं. बीजेपी की जो योजनाएं हैं चाहे वो उज्ज्वला योजना हो, इज्जतघर बने हों या राशन की बात हो, इससे पहले कभी इतनी ज्यादा योजनाएं महिलाओं को ध्यान में रखकर नहीं बनाई गईं. योगी सरकार में महिलाओं की सुरक्षा सुनिश्चित हुई है.

बीजेपी ने महिलाओं को दिया सम्मान- अदिति सिंह
अदिति सिंह ने आगे कहा कि महिलाओं के खाते में सीधे पैसा पहुंचाया गया, पेंशन दी गई और श्रम कार्ड योजना में भी पैसे सीधे उनके खाते में जा रहे हैं. इस सरकार ने महिलाओं को एक अलग सम्मान दिया है. एक महिला होने के नाते मैं खुद पीएम मोदी और सीएम योगी का धन्यवाद करना चाहती हूं.

मुलायम की बहू अपर्णा ने क्या कहा?
मुलायम सिंह यादव की बहू अपर्णा यादव ने कहा कि मैंने बीजेपी को राष्ट्रवाद की वजह से चुना है. विचार आगे चलता है और उसके पीछे मनुष्य चलता है. मेरा मानना है कि मनुष्य नश्वर है लेकिन विचार कभी मरता नहीं है. एक बार शंकराचार्य जी से पूछा गया कि जब मन में बहुत द्वंद हो, ऐसा समय आ जाए कि मन स्थिर ना हो तो समाज को क्या दिशा दे सकता है? तब उन्होंने कहा कि विचार औषधि है.

उन्होंने आगे कहा कि बीजेपी वो पार्टी है जिसने देश को बचाया है. मैं एक नए भारत के निर्माण के लिए पीएम मोदी के साथ बढ़ना चाहती हूं. मुझे इस नए भारत में सीएम योगी के साथ रंग भरने का अवसर मिले.


बीजेपी में आने के बाद प्रियंका मौर्य क्या बोलीं?
हाल ही बीजेपी में शामिल हुईं महिला नेता और कांग्रेस की पोस्टर गर्ल रहीं प्रियंका मौर्य ने कहा कि हम राष्ट्रहित के लिए नए तरीके और नई ऊर्जा से पीएम मोदी और सीएम योगी के नेतृत्व में साथ मिलकर काम करेंगे.

सीएम अरविंद केजरीवाल का दावा, ED कर सकती है सत्येंद्र जैन को गिरफ्तार

Punjab Assembly Election 2022: दिल्ली के मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल ने कहा कि हमने कोई गलत काम नहीं किया है. केंद्रीय एजेंसी हमारी जांच करना चाहे तो करे लेकिन हम डरेंगे नहीं.

HIGHLIGHTS

  • सूत्रों से हमें गिरफ्तारी के बारे में जानकारी मिली है- केजरीवाल
  • सीएम केजरीवाल ने केंद्र सरकार पर लगाए गंभीर आरोप
  • ईडी ने भूपेंद्र सिंह हनी के ठिकानों पर की थी छापेमारी

नई दिल्ली: पंजाब में विधान सभा चुनाव (Punjab Assembly Election) का आगाज हो चुका है. इस बीच दिल्ली (Delhi) के मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल (Arvind Kejriwal) ने केंद्र सरकार पर गंभीर आरोप लगाए हैं. अरविंद केजरीवाल ने कहा कि पंजाब विधान सभा चुनाव से पहले ईडी (ED) कार्रवाई कर सकती है. ईडी दिल्ली के स्वास्थ्य मंत्री सत्येंद्र जैन (Satyendra Jain) को गिरफ्तार कर सकती है. सूत्रों से हमें ये जानकारी मिली है.

हम चन्नी की तरह रोएंगे नहीं- सीएम केजरीवाल
दिल्ली के मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल ने कहा कि हम पंजाब के सीएम चरणजीत सिंह चन्नी की तरह नहीं रोएंगे. वो इसलिए रोए क्योंकि उन्होंने गलत काम किए. चन्नी रो रहे हैं कि मेरे ऊपर रेड कर दी, मेरे रिश्तेदारों पर रेड कर दी.

हमने कोई गलत काम नहीं किया- सीएम केजरीवाल
सीएम केजरीवाल ने कहा कि मैं केंद्र से कहना चाहता हूं हमारे खिलाफ रेड करनी है तो करो. केजरीवाल पर करो, मनीष सिसोदिया पर करो, सत्येंद्र जैन पर करो, भगवंत मान पर करो लेकिन हम रोएंगे नहीं क्योंकि हमने कोई गलत काम नहीं किया है.

ईडी की रेड में हनी के घर से बरामद हुईं ये चीजें
जान लें कि हाल ही में ईडी ने सीएम चरणजीत सिंह चन्नी के रिश्तेदार भूपेंद्र सिंह हनी के ठिकानों पर छापेमारी की थी. ईडी ने रेड के दौरान भूपेंद्र सिंह हनी के घर से 10 करोड़ रुपये कैश, 12 लाख रुपये की रॉलेक्स घड़ी और 21 लाख रुपये का सोना बरामद किया था. सीएम चन्नी ने ईडी की इस कार्रवाई पर सवाल उठाए थे.

बता दें कि पंजाब के विधान सभा चुनाव में आम आदमी पार्टी ने पूरी ताकत झोंक दी है. आम आदमी पार्टी ने भगवंत मान का नाम सीएम के चेहरे के रूप में घोषित किया है. आप ने दावा किया है कि पंजाब में वो पूर्ण बहुमत की सरकार बनाएंगे.

कैराना से अमित शाह ने शुरू किया प्रचार, बोले- आज का माहौल देख मिलती है शांति

यूपी में होने जा रहे असेंबली चुनाव (UP Assembly Election 2022) में कैराना के बहाने बीजेपी (BJP)  ने प्रदेश की जनता को बड़ा संदेश देने की कोशिश की है. गृह मंत्री अमित शाह (Amit Shah) ने शनिवार को कैराना में प्रचार कर कहा कि कैराना में शांति देखकर संतोष महसूस होता है. 
 

HIGHLIGHTS

  • माहौल देखकर शांति मिलती है- अमित शाह
  • चर्चा में रहा था हिंदुओं के पलायन का मुद्दा
  • अमित शाह ने घर-घर जाकर बांटे पर्चे

लखनऊ: यूपी में होने जा रहे असेंबली चुनाव (UP Assembly Election 2022) में प्रचार करने के लिए बीजेपी (BJP) के स्टार प्रचारक धीरे-धीरे मैदान में उतरने लगे हैं. केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह (Amit Shah) भी शनिवार को पश्चिमी यूपी के कैराना (Kairana) कस्बे में पहुंचे और डोर टू डोर कैंपेनिंग करके पार्टी के उम्मीदवार के लिए वोट मांगा.

माहौल देखकर शांति मिलती है- अमित शाह
अमित शाह (Amit Shah) ने कहा, ‘कैराना में शांति का माहौल देखकर संतोष मिलता है. मोदी जी ने यूपी के विकास को अपने हाथ मे लिया. योगी जी ने यूपी में विकास को तेज किया है. कैराना को रोड, मेडिकल कालेज, गरीबों को रसोई गैस कनेक्शन, शौचालय, आयुष्मान कार्ड और मुफ्त राशन जैसी योजनाओं को योगी जी ने ही लागू किया है.’

उन्होंने कहा, ‘कैराना (Kairana) में पहले लोग पलायन करते थे. अब जनता कह रही है कि पलायन करवाने वाले ही पलायन कर गए हैं. यूपी में तुष्टीकरण को खत्म करना है तो जाति की प्रथा को खत्म करना होगा. 10 फरवरी को बीजेपी को वोट करें. पूरे पश्चिमी यूपी मे सभी लोगो की एक ही आवाज सुनाई देती है और वो है इस बार भाजपा 300 सौ के पार.’

चर्चा में रहा था हिंदुओं के पलायन का मुद्दा
कैराना (Kairana) मुस्लिम बहुल क्षेत्र है. पिछले असेंबली चुनाव के दौरान बीजेपी (BJP) के तत्कालीन सांसद बाबू हुकुम सिंह ने इलाके से हिंदुओं के पलायन का मुद्दा उठाया था. जिस पर बीजेपी ने तत्कालीन अखिलेश यादव सरकार को जमकर घेरा था और बाद में वह चुनाव का प्रमुख मुद्दा बन गया था. ऐसे में पहले चुनावी दौरे के लिए कैराना का चयन अमित शाह और बीजेपी की चुनावी रणनीति का संदेश भी दे रहा है.

अमित शाह ने घर-घर जाकर बांटे पर्चे
शनिवार को कैराना पहुंचे अमित शाह (Amit Shah) ने घर-घर जाकर बच्चों को पार्टी के पर्चे बांटे और इलाके को दहशतगर्दी से बचाने के लिए बीजेपी (BJP) को मौका देने की अपील की. अपने बीच में देश के गृह मंत्री को पाकर लोग बहुत खुश दिखाई दिए. उन्होंने कहा कि बीजेपी की योगी सरकार में इलाके में गुंडों की कमर टूटी है, इसलिए वे बीजेपी के ही साथ रहेंगे.

शामली, बागपत और मेरठ में भी प्रचार
सूत्रों के मुताबिक अपने पश्चिम यूपी के दौरे में अमित शाह (Amit Shah) शामली और बागपत भी जाएंगे. इस दौरान वे पार्टी पदाधिकारियों और कार्यकर्ताओं के साथ बैठक भी करेंगे. इसके बाद वे मेरठ रवाना होंगे और वहां पर पार्टी कार्यकर्ताओं के साथ बैठक करने के अलावा इलाके के प्रबुद्ध लोगों के साथ संवाद भी करेंगे.

7 चरणों में होंगे यूपी के असेंबली चुनाव
बताते चलें कि यूपी असेंबली (UP Assembly Election 2022) में इस बार 7 चरणों में चुनाव होंगे. पहले चरण के चुनाव 10 फरवरी को डाले जाएंगे. वहीं वोटों की काउंटिंग 10 मार्च को होगी. उसके बाद ही पता चलेगा कि यूपी में अगली सरकार किसकी बनने जा रही है.

UP में बीजेपी के साथ गठबंधन पर नहीं बनी बात, इन सीटों पर अकेले चुनाव लड़ेगी जेडीयू

यूपी की सियासत कब किस करवट बैठ जाए, पता ही नहीं चलता. बिहार में बीजेपी और जनता दल (यूनाइटेड) का गठबंधन है लेकिन यूपी में अब ये दोनों पार्टियां आमने-सामने होंगी और वह भी पीएम नरेंद्र मोदी के संसदीय क्षेत्र वाराणसी में. इस मामले में जनता दल (यूनाइटेड) ने 26 सीटों की घोषणा कर दी हैं ज‍िन पर वह चुनाव लड़ेगी. 

HIGHLIGHTS

  • जनता दल (यूनाइटेड) ने यूपी चुनाव में अकेले उतरने का लिया फैसला, 26 सीटों पर जारी की लिस्‍ट
  • बीजेपी से गठबंधन का इंतजार कर रही थी जनता दल (यूनाइटेड) पार्टी

लखनऊ: उत्तर प्रदेश विधान सभा चुनाव के लिए गठबंधन के प्रस्ताव पर भाजपा की ओर से कोई जवाब न मिलने पर जद (यू) ने शनिवार को 26 सीटों की सूची जारी की जिस पर वह चुनाव लड़ेगी. उसने कहा कि पार्टी कम से कम 51 निर्वाचन क्षेत्रों में अपने उम्मीदवार उतारेगी.

बीजेपी का लंबे समय तक इंतजार करने को मान रहे भूल
एजेंसी की खबर के अनुसार, जनता दल (यूनाइटेड) के अध्यक्ष ललन सिंह ने यहां संवाददाता सम्मेलन को संबोधित करते हुए कहा कि उनकी पार्टी के नेता एवं केंद्रीय मंत्री आरसीपी सिंह ने शुरू में गठबंधन के लिए भाजपा के राजी होने की बात कही थी और यदि जद (यू) ने इसके बाद इतने लंबे समय तक इंतजार नहीं किया होता तो वह उत्तर प्रदेश में अधिक ताकत के साथ और अधिक सीटों पर चुनाव लड़ता.

उन्होंने बार-बार उल्लेख किया कि यह आरसीपी सिंह थे जिन्हें जद (यू) नेतृत्व ने भाजपा नेताओं से बात करने के लिए अधिकृत किया था तथा कोई अन्य व्यक्ति इसका हिस्सा नहीं था.

भाजपा अध्यक्ष जेपी नड्डा ने सार्वजनिक रूप से कही थी ये बात
ललन सिंह ने कहा कि उनकी पार्टी ने केंद्रीय मंत्री के कहने पर इतने लंबे समय तक इंतजार किया और अब वह स्वतंत्र रूप से चुनाव लड़ने के निर्णय के साथ आगे बढ़ रही है क्योंकि भाजपा अध्यक्ष जेपी नड्डा ने सार्वजनिक रूप से कहा कि उत्तर प्रदेश में उनकी पार्टी के सहयोगी अपना दल और निषाद पार्टी हैं तथा उन्होंने जद (यू) का कोई जिक्र नहीं किया.

सेंट्रल मिनिस्‍टर आरसीपी सिंह निभा रहे थे मध्‍यस्‍थ की भूमिका
आरसीपी सिंह को बिहार के मुख्यमंत्री नीतीश कुमार का करीबी माना जाता है और वह जद (यू) के प्रमुख नेता हैं, लेकिन मोदी सरकार में जगह प्राप्त करने वाले पार्टी के एकमात्र सदस्य बनने के बाद पार्टी में उनके गिरते महत्व को लेकर अटकलें लगाई जाती रही हैं. वह जद (यू) के अध्यक्ष थे और उनके केंद्रीय मंत्री बनने के बाद ललन सिंह के लिए इस पद का मार्ग प्रशस्त हुआ.

ललन सिंह ने कहा कि उनकी पार्टी ने 51 से अधिक सीट पर लड़ने के लिए पार्टी की उत्तर प्रदेश इकाई के प्रमुख अनूप पटेल को उम्मीदवारों के नाम इत्यादि तय करने के लिए अधिकृत किया है.

बिहार में साथ बीजेपी के साथ सरकार, यूपी में होगा विरोध
जद (यू) अध्यक्ष ने उत्तर प्रदेश विधान सभा चुनाव के लिए जिन सीट की सूची जारी की है, उनमें रोहनिया भी शामिल है, जो प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के प्रतिनिधित्व वाले वाराणसी लोकसभा निर्वाचन क्षेत्र में पड़ती है. हालांकि, जद (यू) अध्यक्ष ने यह भी कहा कि उनकी पार्टी के उप्र में स्वतंत्र रूप से चुनाव लड़ने के फैसले का बिहार में भाजपा के साथ उसके संबंधों पर कोई प्रभाव नहीं पड़ेगा.

जद (यू) ने कई राज्यों में भाजपा के साथ गठबंधन किए बिना चुनाव लड़ा है. ललन सिंह ने कहा कि उनकी पार्टी ने पिछले विधान सभा चुनाव में अरुणाचल प्रदेश में सात सीट जीती थीं, लेकिन भाजपा ने बाद में उनमें से छह विधायकों को अपने पाले में कर लिया था.

यूपी में सात चरणों में हो रहा है मतदान
बता दें कि उत्तर प्रदेश विधान सभा की 403 सीट के लिए सात चरणों में मतदान 10 फरवरी से शुरू होगा. 10 मार्च को इन चुनावों के परिणाम घोषित किए जाएंगे.

चुनाव आयोग का बड़ा एक्शन, यूपी में वोटिंग से पहले बदले गए 3 डीएम और 2 SP

UP में चुनावों से पहले इलेक्शन कमीशन ने बड़ी कार्रवाई करते हुए 3 जिलों के डीएम और 2 SP को बदल दिया गया है.
 

HIGHLIGHTS

  • एक्शन मोड में चुनाव आयोग
  • UP में 5 अधिकारी बदले गए3
  • DM और 2 SP को बदला गया

नई दिल्ली: चुनावों को लेकर राजनीतिक माहौल गर्म है. ऐसे में इलेक्शन से पहले चुनाव आयोग ने बड़ी कार्रवाई की है. आपको बता दें कि चुनाव आयोग ने UP के 3 जिलाधिकारी (DM) और 2 SP हटा दिए हैं.

इन शहरों में हुए बदलाव
गौरतलब है कि फिरोजाबाद, कानपुर और बरेली के डीएम बदल दिए गए हैं. साथ ही कौशांबी और फिरोजाबाद के SP भी बदले गए.

अब ये लोग संभालेंगे चार्च

फिरोजाबाद के नए डीएम होंगे सूर्यपाल गंगवार तो वहीं शिवपाल द्विवेदी बरेली के नए डीएम का चार्ज संभालेंगे. इसके अलावा कानपुर नगर के नई डीएम नेहा शर्मा होंगी.

इन 2 SP को मिला नया चार्ज
हेमराज मीणा कौशांबी के नए SP होंगे तो आशीष तिवारी SP फिरोजाबाद का चार्ज संभालेंगे.

राकेश शरण मिश्र हुए ‘सोन रत्न’ की मानद उपाधि से विभूषित

हर्षवर्धन केसरवानी

सोनभद्र। जनपद के ख्याति लब्ध साहित्यकार, कवि एवं सोन साहित्य संगम के संयोजक राकेश शरण मिश्र ‘गुरुजी’ की उल्लेखनीय साहित्यिक सेवाओं के लिए पत्रकारों की राष्ट्रीय संस्था मीडिया फोरम ऑफ इंडिया न्यास की ओर से ‘सोन रत्न’ की मानद उपाधि से सम्मानित किया गया है।

यह सम्मान उन्हें बीते 17 जनवरी को जनपद के वरिष्ठ पत्रकार एवं साहित्यकार मिथिलेश प्रसाद द्विवेदी चाचा जी के 74 वें जन्मदिवस पर आयोजित राष्ट्रहित में पत्रकारों का दायित्व विषयक संगोष्ठी में समारोह के मुख्य अतिथि पूर्व कुलपति एवं यश भारती सम्मान से सम्मानित अंतरराष्ट्रीय स्तंभकार राममोहन पाठक एवं अध्यक्षता कर रहे वरिष्ठ पत्रकार मिथिलेश प्रसाद द्विवेदी द्वारा प्रदान किया गया।

साहित्य के क्षेत्र में विश्व हिंदी साहित्य सेवा संस्थान जैसी कई अन्य अंतरराष्ट्रीय साहित्यिक संस्थाओं से भी पूर्व में अनेकों पुरस्कार प्राप्त कर चुके राकेश शरण मिश्र को मीडिया फोरम आफ इंडिया न्यास की ओर से पुष्पहार पहना व अंगवस्त्रम ओढ़ाकर, स्मृति चिन्ह और ‘सोन रत्न’ की मानद उपाधि सम्मान पत्र तथा लेखनी और डायरी भेंट कर सम्मानित किया गया।

इस अवसर पर परंपरा अनुसार पत्रकारिता, चिकित्सा, शिक्षा और समाज सेवा के क्षेत्र में भी उल्लेखनीय योगदान करने वाले जनपद के चयनित एक-एक मनीषियों को भी ‘सोन रत्न’ की मानद उपाधि से विभूषित किया गया। इस मौके पर साहित्यकार मिथिलेश कुमार श्रीवास्तव, डॉ ओम प्रकाश त्रिपाठी, डॉ रचना तिवारी, डॉ जेएन तिवारी, रीना सिंह, भोलानाथ मिश्र, राजेश द्विवेदी, इंदु पांडेय, सुरसुरी पांडेय, राजेश पाठक, मनोज तिवारी, रामजी दुबे, विवेक पांडेय, अनिल मिश्रा, प्रभात सिंह चंदेल, राम अनुज धर द्विवेदी, चिंता पांडेय, नंदकिशोर विश्वकर्मा, ज्ञानदास कनौजिया, दिनेश पांडेय, संगम पांडेय, इमरान वख्शी, आलोक सिंह समेत दर्जनों बुद्धिजीवी मौजूद रहे।

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सपा अल्पसंख्यक सभा के ओबरा विधानसभा प्रभारी बने मुस्तफा रजा सिद्दीकी

ओबरा, सोनभद्र। समाजवादी पार्टी अल्पसंख्यक सभा के प्रदेश अध्यक्ष मो0 शकील नदवी द्वारा उत्तर प्रदेश विधानसभा 2022 की घोषणा के अपने विधानसभा क्षेत्र में दौरान डोर टू डोर चुनाव संपन्न कराने व प्रत्याशी को भारी बहुमत से विजयी बनाने हेतु अल्पसंख्यक सभा के प्रदेश सचिव मुस्तफा रजा सिद्दीकी को ओबरा विधानसभा 402 के प्रभारी की जिम्मेदारी सौंपी गई हैं।वही मुस्तफा रजा सिद्दीकी ने बताया कि अपने विधानसभा क्षेत्र में सघन जनसंपर्क करते हुए पार्टी की नीतियों का प्रचार घर घर जाकर टीम द्वारा किया जाएगा।

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