HIGHLIGHTS
- बरैला महादेव मंदिर में शिव-पार्वती विवाह प्रसंग सुन भावविभोर हुए श्रद्धालु

सोनभद्र। रॉबर्ट्सगंज स्थित बरैला महादेव मंदिर प्रांगण में सातवें वर्ष आयोजित सात दिवसीय अभिषेकात्मक रुद्र महायज्ञ एवं संगीतमय श्री राम कथा ज्ञानयज्ञ में शिव विवाह का प्रसंग श्रद्धा और उल्लास के साथ संपन्न हुआ। आचार्य सौरभ भारद्वाज के निर्देशन में आयोजित इस कार्यक्रम में चित्रकूट धाम से पधारीं राष्ट्रीय कथा वाचिका देवी शिवानी जी ने शिव-पार्वती विवाह की मनोरम व्याख्या की।

उन्होंने श्री रामचरितमानस की चौपाई ‘करहु सदा शंकर पद पूजा, नारी धर्म पति देव न दूजा’ के माध्यम से दांपत्य धर्म का महत्व समझाया। कथा व्यास ने कहा कि शिव-शक्ति का विवाह जगत के लिए आदर्श है और हर पति-पत्नी को उनके प्रेम व समर्पण से सीख लेनी चाहिए।


उन्होंने विशेष रूप से पुरुषों को सीख देते हुए बताया कि किस प्रकार महादेव ने माता पार्वती को अर्द्धांगिनी के रूप में सम्मान देते हुए अपना आसन प्रदान किया। कथा के दौरान मंच पर शिव-पार्वती विवाह की भव्य झांकी प्रस्तुत की गई, जिसमें भक्तों ने बाराती बनकर उत्साहपूर्वक भाग लिया।
इससे पूर्व, महादेव बरैला नाथ जी का गंगाजल से अभिषेक किया गया,

जिसके पश्चात भक्त राज हेमंत गुप्ता एवं मंगल केसरी द्वारा 1001 पुष्पमालाओं से बाबा का भव्य श्रृंगार, पूजन और आरती की गई। यज्ञ कमेटी के अध्यक्ष अखिलेश चतुर्वेदी ने बताया कि आगामी 10 अप्रैल से 12 अप्रैल तक मिर्जापुर के राष्ट्रीय कथावाचक पंडित धर्मराज शास्त्री एवं जौनपुर के पंडित प्रकाश चंद्र विद्यार्थी द्वारा श्री राम कथा की अमृत वर्षा की जाएगी।

उन्होंने समस्त क्षेत्रवासियों से कथा का रसपान करने और 13 अप्रैल को आयोजित विशाल भंडारे में प्रसाद ग्रहण करने की अपील की है। इस धार्मिक अनुष्ठान में डॉ. कुसुमाकर श्रीवास्तव, अरविंद शरण सिंह, हीरामणि पांडेय, मुकेश पांडेय, पुजारी देवनाथ बाबा, मधु सिंह, प्रिय माधुरी मिश्रा सहित बड़ी संख्या में भक्त उपस्थित रहे।































