HIGHLIGHTS
- मातृशक्ति ने थामा पर्यावरण संरक्षण का दामन, पेड़ हैं तो प्राण हैं अभियान में बढ़-चढ़कर कर रहीं भागीदारी
सोनभद्र। जिले में चल रहा “पेड़ हैं तो प्राण हैं” अभियान अब जन-जन का अभियान बनता जा रहा है। पर्यावरण संरक्षण के प्रति जागरुकता का यह अनोखा प्रयास हर दिन नए आयाम गढ़ रहा है।
मंगलवार को रॉबर्ट्सगंज विधानसभा क्षेत्र के कोन, विरधी और क्षतेहरी गांवों में बड़ी संख्या में माताओं और बहनों ने वृक्षारोपण कर अभियान को नई ऊर्जा प्रदान की। इस अवसर पर तीज व्रत धारी महिलाओं के बीच सैकड़ों पौधों का वितरण भी किया गया।

मातृशक्ति ने पौधों की देखभाल का संकल्प लेते हुए कहा कि जिस प्रकार वे अपने पति की सेवा करती हैं, उसी तरह इन पौधों को भी जीवनदान देंगी, क्योंकि सचमुच पेड़ हैं तो प्राण हैं।

अभियान के संयोजक संदीप मिश्रा ने कहा कि पौधे ही हमारे प्राणवायु हैं। आज यदि हम वृक्ष लगाते हैं तो आने वाली पीढ़ी को स्वच्छ वातावरण का उपहार दे सकते हैं। उन्होंने यह भी कहा कि केवल वृक्षारोपण करना ही पर्याप्त नहीं है, बल्कि उनकी सुरक्षा और देखभाल करना हमारी जिम्मेदारी है।

इस दौरान देवरी में प्रधान आनंद पटेल ने अपनी माता स्वर्गीय भागमनी देवी पटेल की स्मृति में पौधारोपण कर भावपूर्ण श्रद्धांजलि अर्पित की। उन्होंने ग्रामीणों को संकल्प दिलाया कि लगाए गए पौधों को संरक्षित कर बड़ा किया जाएगा।

वृक्षारोपण कार्यक्रम में तेतरा देवी, सगीता चौहान, बरमतिया, फुलवती, पिंकी सहित सैकड़ों ग्रामीणों ने उत्साहपूर्वक भाग लिया। मौके पर बड़ी संख्या में पौधों का वितरण भी किया गया और उपस्थित लोगों ने पर्यावरण बचाने का संकल्प लिया।
धीरे-धीरे यह अभियान ग्रामीणों की सहभागिता से और भी व्यापक रूप लेता जा रहा है तथा जनपद में हर दिन हरे-भरे भविष्य की नई उम्मीदें जगा रहा है।






























