HIGHLIGHTS
- निर्माण कार्य ठप होने पर DM ने राजकीय निर्माण निगम के अधिशासी अभियंता के खिलाफ FIR के दिए निर्देश
- निर्माण कार्य में लापरवाही बरतने और धनराशि मिलने के बाद भी कार्य पूरा न करने वाले राजकीय निर्माण निगम के अधिशासी अभियंता के खिलाफ FIR के दिए निर्देश
- जिलाधिकारी बीएन सिंह की अध्यक्षता में हुई सीएम डैशबोर्ड के जरिए विकास कार्यों की समीक्षा बैठक

सोनभद्र। शुक्रवार को सीएम डैशबोर्ड के जरिए विकास कार्यों की हुई समीक्षा बैठक में जिलाधिकारी बीएन सिंह ने राजकीय निर्माण निगम के अधिशासी अभियंता के खिलाफ एफआईआर दर्ज कराने के निर्देश दिए हैं।
यह कार्रवाई राजकीय इंटर कॉलेज नंदना और जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी कार्यालय के निर्माण कार्य में लापरवाही बरतने और धनराशि मिलने के बाद भी कार्य पूरा न करने के संबंध में की गई है।

शुक्रवार को कलेक्ट्रेट सभागार में सीएम डैशबोर्ड के जरिए विकास कार्यों की समीक्षा बैठक हुई। इसमें यह तथ्य सामने आया कि राजकीय इंटर कॉलेज नंदना और जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी (BSA) कार्यालय का निर्माण कार्य, अधिशासी अभियंता राजकीय निर्माण निगम को धनराशि का भुगतान किए जाने के बावजूद रुका हुआ है।

इस पर डीएम ने कड़ी नाराजगी व्यक्त करते हुए बीएसए और डीआईओएस (जिला विद्यालय निरीक्षक) को निर्देशित किया कि वे तत्काल अधिशासी अभियंता के विरुद्ध प्राथमिकी दर्ज कराने की कार्रवाई करें
एकीकृत बागवानी और गोवंश आश्रय स्थलों पर भी डीएम सख्त
बैठक में एकीकृत बागवानी मिशन के कार्यों में शिथिलता पाए जाने पर डीएम ने जिला उद्यान अधिकारी से स्पष्टीकरण तलब करने का निर्देश दिया।
वहीं, खंड विकास अधिकारी और पशु चिकित्साधिकारी को निर्देशित किया गया कि वे प्रति सप्ताह निराश्रित गोवंश आश्रय स्थलों का भ्रमण करें और उसकी रिपोर्ट प्रस्तुत करें। डीएम ने गोवंश आश्रय स्थलों पर सीसीटीवी कैमरा लगवाने की कार्यवाही प्राथमिकता के आधार पर करने की हिदायत दी। साथ ही, गोवंश आश्रय स्थलों पर पशुओं के चारे के लिए किए गए भुगतान की जांच के लिए जिला विकास अधिकारी की अध्यक्षता में एक कमेटी गठित करने की जानकारी दी गई और सीडीओ से जांच रिपोर्ट प्रस्तुत करने को कहा गया। मुख्य पशु चिकित्साधिकारी को नियमित निगरानी की हिदायत दी गई ताकि गोवंश आश्रय स्थलों पर पशुओं के चारे, भूसे आदि की समस्या न होने पाए।

एकीकृत बागवानी और गोवंश आश्रय स्थलों पर भी डीएम सख्त
बैठक में एकीकृत बागवानी मिशन के कार्यों में शिथिलता पाए जाने पर डीएम ने जिला उद्यान अधिकारी से स्पष्टीकरण तलब करने का निर्देश दिया। वहीं, खंड विकास अधिकारी और पशु चिकित्साधिकारी को निर्देशित किया गया कि वे प्रति सप्ताह निराश्रित गोवंश आश्रय स्थलों का भ्रमण करें और उसकी रिपोर्ट प्रस्तुत करें।

डीएम ने गोवंश आश्रय स्थलों पर सीसीटीवी कैमरा लगवाने की कार्यवाही प्राथमिकता के आधार पर करने की हिदायत दी। साथ ही, गोवंश आश्रय स्थलों पर पशुओं के चारे के लिए किए गए भुगतान की जांच के लिए जिला विकास अधिकारी की अध्यक्षता में एक कमेटी गठित करने की जानकारी दी गई और सीडीओ से जांच रिपोर्ट प्रस्तुत करने को कहा गया।

मुख्य पशु चिकित्साधिकारी को नियमित निगरानी की हिदायत दी गई ताकि गोवंश आश्रय स्थलों पर पशुओं के चारे, भूसे आदि की समस्या न होने पाए।पौधरोपण अभियान, खनिज निधि और किसान हितैषी योजनाओं की समीक्षा
डीएम ने पौधरोपण अभियान को लेकर सभी विभागों को हरितिमा ऐप पर जियो टैगिंग कर फोटो अपलोड करने के निर्देश दिए। उन्होंने जोर दिया कि जिला खनिज फाउंडेशन निधि से कराए जा रहे कार्यों की गुणवत्ता का विशेष ख्याल रखा जाए और सभी कार्यों की जांच कराई जाएगी।
जिला कृषि अधिकारी को निर्देशित किया गया कि वे उर्वरक दुकानों की निरंतर जांच करते रहें और कहीं भी ओवररेटिंग पाए जाने पर संबंधित दुकानदार के विरुद्ध प्राथमिकी दर्ज कराएं। एलडीएम (लीड डिस्ट्रिक्ट मैनेजर) को निर्देशित किया गया कि प्रधानमंत्री फसल बीमा योजना के तहत 15 से 30 जुलाई तक फसल बीमा के लिए किए जाने वाले पंजीकरण का अधिक से अधिक प्रचार-प्रसार कराएं।
इस दौरान मुख्य विकास अधिकारी जागृति अवस्थी (आईएएस), जिला विकास अधिकारी हेमंत कुमार सिंह, मुख्य चिकित्साधिकारी डॉ. अश्वनी कुमार, जिला अर्थ एवं संख्याधिकारी संतपाल, जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी मुकुल देव पाण्डेय, जिला पंचायत राज अधिकारी नमिता शरण, जिला अल्पसंख्यक कल्याण अधिकारी सुधांशु शेखर शर्मा, जिला विद्यालय निरीक्षक जय राम सिंह, अपर जिला सूचना अधिकारी विनय कुमार सिंह, जिला समाज कल्याण अधिकारी ज्ञानेंद्र कुमार सिंह भदौरिया सहित अन्य अधिकारी मौजूद रहे

पौधरोपण अभियान, खनिज निधि और किसान हितैषी योजनाओं की समीक्षा
डीएम ने पौधरोपण अभियान को लेकर सभी विभागों को हरितिमा ऐप पर जियो टैगिंग कर फोटो अपलोड करने के निर्देश दिए। उन्होंने जोर दिया कि जिला खनिज फाउंडेशन निधि से कराए जा रहे कार्यों की गुणवत्ता का विशेष ख्याल रखा जाए और सभी कार्यों की जांच कराई जाएगी।

जिला कृषि अधिकारी को निर्देशित किया गया कि वे उर्वरक दुकानों की निरंतर जांच करते रहें और कहीं भी ओवररेटिंग पाए जाने पर संबंधित दुकानदार के विरुद्ध प्राथमिकी दर्ज कराएं। एलडीएम (लीड डिस्ट्रिक्ट मैनेजर) को निर्देशित किया गया कि प्रधानमंत्री फसल बीमा योजना के तहत 15 से 30 जुलाई तक फसल बीमा के लिए किए जाने वाले पंजीकरण का अधिक से अधिक प्रचार-प्रसार कराएं।
इस दौरान मुख्य विकास अधिकारी जागृति अवस्थी (आईएएस), जिला विकास अधिकारी हेमंत कुमार सिंह, मुख्य चिकित्साधिकारी डॉ. अश्वनी कुमार, जिला अर्थ एवं संख्याधिकारी संतपाल, जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी मुकुल देव पाण्डेय, जिला पंचायत राज अधिकारी नमिता शरण, जिला अल्पसंख्यक कल्याण अधिकारी सुधांशु शेखर शर्मा, जिला विद्यालय निरीक्षक जय राम सिंह, अपर जिला सूचना अधिकारी विनय कुमार सिंह, जिला समाज कल्याण अधिकारी ज्ञानेंद्र कुमार सिंह भदौरिया सहित अन्य अधिकारी मौजूद रहे
























