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- या हसन, या हुसैन की सदाएं गूंज उठीं
सोनभद्र। मोहर्रम की दसवीं पर बुधवार को जिले भर में कड़ी सुरक्षा व्यवस्था के बीच ताजिया निकाली गई। या हसन, या हुसैन की सदाएं गूंज उठीं। इस दौरान युवाओं ने विभिन्न तरह के करतब दिखाए। शाम को ताजिया कर्बला में दफन की गई। इस दौरान चप्पे-चप्पे पर पीएसी तैनात रही। जगह-जगह पुलिस और पीएसी जवान सुरक्षा को चुस्त-दुरुस्त बनाने के लिए गश्त करते रहे।

राबर्ट्सगंज में दोपहर बाद करीब दो बजे ताजिया निकलनी शुरू हुई। सबसे पहले नई बस्ती से ताजिया निकली। इसके बाद जगह-जगह बैठाई गई ताजिया नगर पालिका कार्यालय के सामने स्थित पार्क में पहुंची, जहां सभी का मिलान किया गया।

शाम को ताजिया विभिन्न मार्गों से होकर कर्बला पहुंच जहां दफन की गई। इसमें युवाओं ने नौहा ख्वानी, सीनाजनी और जंजीरी मातम किया।राबर्ट्सगंज में हमीद नगर से शौकत जाफरी के घर से दसवें का ताजिया अलम जुलूस निकला। उधर न्यू मार्केट में मरहूम सैयर अख्तर अब्बा रिवजी के निवास से ताजिया अलम जुलूस निकला। अंजुमने हैदरी शिया कमेटी के नव युवक व मासूम बच्चों ने जंजीर, छूरी, चाकू से मातम किया।

दीपनगर से दुलदुल का जुलूस अलम और ताजिया निकाला गया। मेन चौक पर ताजिया का मिला हुआ जहां नात शरीफ पढ़ी गई। इस दौरान हिदायल उल्ला खां, फतेह मोहम्मद, एहसान उल्ला खां, दानिश जाफरी, जाफर हुसैन, कौसर हुसैन, असलम रिजवी, साबिर जैदी, अब्बास मौजूद रहे। उधर ताजिया और अलम जुलूस के दौरान कोतवाली, चौकी पुलिस के साथ ही पीएसी के जवान सुरक्षा में लगे रहे।
















