• किसानों के फसलों की क्षति की मौके पर जांच कर मुआवजा दिलाने की कार्यवाही 48 घंटे में पूरा करते हुए प्रस्तुत करें आख्या
सोनभद्र। जिले में रविवार को हुई भारी बारिस के दौरान कई स्थानों पर पड़े ओलावृष्टि से क्षतिग्रस्त हुई फसलों के मद्देनजर जिलाधिकारी चन्द्र विजय सिंह ने सोमवार को ग्राम पंचायत बभनौली कला के राजस्व ग्राम बभनौली कला एवं महोखर में गेंहू व सरसों सहित अन्य फसलों का खेतों में जाकर स्थलीय निरीक्षण किया। इस दौरान जिलाधिकारी को अपने बीच पाकर किसान व ग्रामीणजन राहत महसूस किया और नुकसान हुए अपने फसल की स्थिति से अवगत कराया।

जिस पर जिलाधिकारी ने स्वयं खेतों में जाकर नुकसान हुए फसल को देखा और सहानुभूति व्यक्त करते हुए कहा कि दैवीय आपदा/ओलावृष्टि के कारण इस क्षेत्र में फसल को काफी क्षति पहुंची है। जिलाधिकारी ने इस आपदा से प्रभावित सभी लोगों के फसलों और आवास की क्षति का आंकलन करने व रिपोर्ट भेजने के लिए समस्त उप जिलाधिकारी व तहसीलदार को निर्देशित किया है। इस दौरान जिलाधिकारी ने बताया कि ओलावृष्टि से जो नुकसान हुआ है, खासतौर से सरसों व गेंहू व अन्य फसल हैं, जिसके लिए तहसील स्तर पर उप जिलाधिकारी के नेतृत्व में व उप निदेशक कृषि के नेतृत्व में टीम बनायी गयी है, जिसका आकलन किसानों के खेतों में जाकर कर रहे हैं और सर्वे के बाद रिपोर्ट बनाकर आगे की कार्यवाही के लिए निर्देशित किया गया है।

राजस्व ग्राम महोखर में ओलावृष्टि से नुकसान फसल के किसान रामजन्म विश्वकर्मा, कन्हैया लाल विश्वकर्मा, मदन प्रजापति, अमरनाथ विश्वकर्मा ,घनश्याम निषाद, महेंद्र निषाद, फूल कुमार निषाद ,भरत विश्वकर्मा, जटाशंकर विश्वकर्मा सुरेंद्र साहनी ,सुरेश मौर्य ,दिलीप गुप्ता और बभनौली कला के पुष्पा मौर्या अरुण मौर्य का घर तथा मिट्ठू प्रसाद , सोमरी देवी , संदीप , प्रदीप , शिव प्रकाश निवासी चंदुली की फसल क्षतिग्रस्त होने की सूचना प्राप्त होने पर जिलाधिकारी ने बभनौली व महोखर गांव का निरीक्षण किया, निरीक्षण के दौरान जिलाधिकारी ने उप जिलाधिकारी सदर श्री रमेश कुमार, उप निदेशक कृषि को निर्देशित करते हुए कहा कि ओलावृष्टि के कारण हुई हानियों का मूल्यांकन करते हुए पीड़ित किसानों को तत्काल कार्यवाही करते हुए आपदा राहत दिलाने का कार्य प्राथमिकता के आधार पर सुनिश्चित किया जाये।

इस दौरान जिलाधिकारी ने कहा कि क्षेत्रीय लेखपालों तथा कृषि विभाग और फसल बीमा की टीम को सभी किसानों के फसलों की क्षति की मौके की जांच कर उन लोगों को मुआवजा दिलाने की कार्यवाही 48 घंटे में पूरा करते हुए आख्या तलब करने के निर्देश दिये गये।




