सोनभद्र। भारतीय विधिक सहायता एसोसिएशन के राष्ट्रीय संयोजक एड पवन कुमार सिंह ने प्रेस विज्ञप्ति जारी कर मांग किया कि सोनभद्र जनपद आदिवासी बहुल एवं वनों से आच्छादित अधिकांश भाग वाला जिला है। यहां आदिवासी, गरीब निवास करते हैं।

आज भी देश के प्रमुख शहरों जैसे मुंबई, चेन्नई, सूरत, कोलकाता व बेंगलुरु जाने के लिए कोई ट्रेन सोनभद्र रेलवे स्टेशन से नहीं हैं। जबकि सोनभद्र जनपद बिहार, झारखंड, छत्तीसगढ़ और मध्य प्रदेश की सीमा से जुड़ा हुआ है औद्योगिक कल कारखानों से पटा पड़ा है काफी राजस्व जनपद सोनभद्र से सरकार को जाता है किंतु आज तक यातायात , शिक्षा, स्वास्थ्य आदि में काफी पिछड़ा हुआ है।

आजादी के इतने वर्षों बाद भी बदहाली के युग में जी रहा है इसलिए भारतीय विधिक सहायता एसोसिएशन मांग करता है कि जिले का सोनभद्र रेलवे स्टेशन पर उच्चस्तरीय संसाधनों की व्यवस्था करते हुए देश के मुख्य शहरों मुंबई, सूरत, कोलकाता ,चेन्नई एवं बंगलुरु के लिए सीधे ट्रेन चलाई जाए तथा सिंगरौली से वाराणसी तक पूर्व में चलने वाली इंटरसिटी एक्सप्रेस बंद है। इसे फिर संचालित किया जाए।





