
HIGHLIGHTS
- डीएम ने कहा निर्धारित लक्ष्य के सापेक्ष प्रगति अधूरा पाये जाने पर सम्बन्धित अधिकारी स्वयं होंगें जिम्मेदार, की जायेगी कार्यवाही
- डीएम ने निर्धारित लक्ष्य के सापेक्ष आयुष्मान कार्ड की प्रगति धीमी पाये जाने व बैठक में अनुपस्थित रहने पर बी0डी0ओ0 दुद्धी को स्पष्टीकरण जारी करने के दिये गये निर्देश

(जिला संवाददाता)
सोनभद्र। जिलाधिकारी चन्द्र विजय सिंह ने कैम्प कार्यालय पर शुक्रवार को देर शाम को आयुष्मान कार्ड की प्रगति, सभी प्रकार के पेंशन योजना के सत्यापन के कार्य, सिंगल यूज प्लास्टिक के एकत्रीकरण, ग्राम समाधान दिवस, केन्द्र व प्रदेश सरकार द्वारा संचालित महत्वपूर्ण विभिन्न योजनाओं की समीक्षा बैठक की।

इस दौरान अधिकारियों से बारी-बारी से गहनता पूर्वक सभी बिन्दुओं की समीक्षा की गयी, बैठक के दौरान उन्होंने कहा कि राशन कार्ड का सत्यापन कराया कराया जाये, जो अपात्र पाये जाते हैं, उनके कार्ड को निरस्त भी कराया जाय और पात्र राशन कार्ड धारकों को समय से खाद्यान्न उपलब्ध कराया जाये, इसी प्रकार गरीब पात्रों के ईलाज की सुविधा के लिए 5 लाख रूपये तक निःशुल्क ईलाज के लिए बनाये जा रहे आयुष्मान कार्ड के प्रगति की समीक्षा खण्ड विकास अधिकारियों व सम्बन्धितों से बारी-बारी से गहनता पूर्वक की गयी, तो जानकारी हुई कि आयुष्मान कार्ड की प्रगति काफी धीमी है,

जिस पर जिलाधिकारी ने जिम्मेदार सम्बन्धित अधिकारियों को कार्य में तेजी लाने के निर्देश दियें। इस कार्य में किसी प्रकार की शिथिलता व लापरवाही बतरने पर सम्बन्धित के खिलाफ कार्यवाही के लिए निर्देशित भी किया गया। आयुष्मान कार्ड के समीक्षा के दौरान खण्ड विकास अधिकारी दुद्धी द्वारा निर्धारित लक्ष्य के सापेेक्ष प्रगति कम पाये जाने और बैठक में न आने पर जिलाधिकारी द्वारा नाराजगी व्यक्त करते हुए स्पष्टीकरण जारी करने के निर्देश सम्बन्धित को दियें।

बैठक के दौरान जिलाधिकारी ने दिव्यांग, विधवा, वृद्धा पेंशन आदि की समीक्षा गहनता पूर्वक की और सम्बन्धित अधिकारियों को सत्यापन कराने के निर्देश दियें। इस दौरान ऐसे लोगों को चिन्हित भी किया जाये, जो पात्र होते हुए भी पेंशन का लाभ नहीं ले रहे हैं, की सूची भी तैयार कर उन्हें लाभान्वित करने की कार्यवाही की जाये। सत्यापन के दौरान ऐसे व्यक्ति जो अपात्र हैं, उन्हें पेंशन मिल रहा है, को चिन्हित करते हुए निरस्तीकरण की कार्यवाही भी की जाये और जिम्मेदार सम्बन्धित के खिलाफ विभागीय कार्यवाही भी की जाये।

इसी प्रकार से स्वच्छता के मद्देनजर शौचालय निर्माण और उपयोग की समीक्षा की गयी और निर्देशित किया गया कि शौचालय निर्माण के लिए जारी धनराशि का सही उपयोग कर, शौचालय का निर्माण ग्राम प्रधान व सेक्रेटरी आपसी समन्वय स्थापित कर कार्य को पूरा करा लें और सम्बन्धित विभाग भी इस पर अपनी पैनी नजर भी रखें। समीक्षा के दौरान जिलाधिकारी ने सम्बन्धित विभाग को निर्देशित करते हुए कहा कि ऐसे परिवारों की सूची तैयार की जाये, जिन परिवारों में दो ही बच्चियाॅ हो, जिससे कन्या शुमंगला योजना का लाभ दिलाया जा सके।

जिलाधिकारी ने सभी सम्बन्धित अधिकारियों को निर्देशित करते हुए कहा कि आयुष्मान कार्ड के प्रगति में सुधार लाने, दिव्यांग, विधवा, वृद्धा पेंशन के सत्यापन के कार्य को पूरा कराने व शौचालय निर्माण कार्यों में तेजी लाने में किसी प्रकार की शिथिलता व लापरवाही न बरती जाये, अन्यथा की दशा में अधिकारी व कर्मचारी स्वयं जिम्मेदार होंगें।


इस दौरान जिलाधिकारी ने ग्राम समाधान दिवस में प्राप्त शिकायतों को निस्तारण के प्रगति की भी समीक्षा की और सम्बन्धित विभाग के अधिकारियों को निर्देशित किया कि समय से गुणवत्तापूर्ण तरीके से समस्याओं का निस्तारण किया किया जाये, इसमें किसी प्रकार की शिथिलता व लापरवाही न बरती जाये।

बैठक में मुख्य विकास अधिकारी सौरभ गंगवार, जिला विकास अधिकारी शेषनाथ चैहान, मुख्य चिकित्साधिकारी डाॅ0 आर0एस0 ठाकुर, जिला पंचायत राज अधिकारी विशाल सिंह, डी0सी0 एन0आर0एल0एम ए0के0 जौहरी, जिला समाज कल्याण अधिकारी रमाशंकर यादव, खण्ड विकास अधिकारीगण सहित अन्य सम्बन्धितगण उपस्थित रहें।











