HIGHLIGHTS
- कार्यक्रम का शुभारंभ कालेज के प्राचार्य संतोष कुमार चौबे के आह्वाहन पर गोपालजी द्वारा किया गया।

(जिला संवाददाता)
सोनभद्र। चुर्क स्थित स्वामी हरसेवानंद पीजी कॉलेज में हार्टफुलनेस कार्यक्रम के द्वितीय व तृतीय सत्र का आयोजन किया गया। पीजी कालेज के प्रोफेसरो एवं छात्र- छात्राओं को द्वितीय सत्र में हार्टफुलनेस सफाई (आंतरिक शुद्धीकरण या नवीनीकरण) एवम तृतीय सत्र में हार्टफुलनेस प्रार्थना एवं ध्यान कराया गया। जिसका शुभारंभ कॉलेज के प्राचार्य संतोष कुमार चौबे के आह्वाहन पर गोपालजी द्वारा किया गया। वही हार्टफुलनेस रिलैक्सेशन एवं मेडिटेशन एवम आंतरिक शुद्धीकरण के बारे में जानकरी को दोहराते हुए हार्टफुलनेस प्रार्थना पर वार्ता हेतु अशोक कुमार को आमंत्रित किया गया। जिन्होंने हार्टफुलनेस प्रार्थना के बारे में सभी को सविस्तार जानकारी दिया कि हार्टफुलनेस प्रार्थना के अंतर्गत हम ईश्वर से किसी चीज की याचना नहीं करते। उन्होंने कहा कि हार्टफुलनेस प्रार्थना में हम अपने हृदय में पहले से मौजूद दिव्य प्रकाश के स्रोत को संबोधित करते हुए एक आंतरिक एवं हार्दिक संवाद करते हैं जिसमें स्रोत को ही इस मनुष्य जीवन का वास्तविक ध्येय के रूप में स्वीकार करते हैं। हम उनसे अपनी आंतरिक परेशानियों और अड़चनों को बताते हैं कि हम अपनी इच्छाओं की दासता के कारण आप तक नहीं पहुंच पा रहे हैं। ऐसी स्थिति में केवल आप ही हैं जो हमें अपने आप तक पहुंचा सकते हैं हममें वह ताकत या शक्ति नहीं है जिससे हम आप तक पहुंच सके। उन्होंने आगे कहा कि हार्टफुलनेस प्रार्थना प्रातः ध्यान के पूर्व तथा रात्रि में सोने से पहले किया जाता है। रात्रि के समय बिस्तर पर बैठ कर मन ही मन अपने हृदय की गहराइयों में जाकर दो या तीन बार प्रार्थना को दोहराते हैं और उसके भाव पर मनन करते हैं इसका प्रभाव यह होता है कि हम पूरी रात स्रोत से जुड़े रहते हैं।प्रातः ध्यान के पूर्व अपनी जागरूक चेतना को ह्रदय पर केंद्रित करते हुए प्रार्थना को एक बार अंदर ही अंदर हैं बोलते है ताकि हम दिन भर स्रोत से जुड़े रहें। इसके बाद गोपालजी द्वारा हार्टफुलनेस प्रार्थना को व्यवहारिक रूप से प्रस्तुत किया गया तथा हार्टफुलनेस ट्रेनर राजकुमार द्वारा प्राणाहुति के माध्यम से लोगों को मेडिटेशन कराया गया। कार्यक्रम के अंत में कालेज के प्राचार्य द्वारा छात्र-छात्राओं और प्रोफ़ेसरो को फीडबैक फार्म भरकर आगामी शनिवार को वापस करने एवम प्रत्येक शनिवार को फॉलोअप करने का सुझाव दिया। इस दौरान ज्ञानेंद्र प्रकाश, डाक्टर एन आर विश्वाश, ज्योति सहित अन्य लोग उपस्थित रहे।







