अजीत कुमार सिंह
रेनुकूट, सोनभद्र। सोनभद्र जिला किसी जान-पहचान का मोहताज नहीं है ये सभी को मालूम है लेकिन सोनभद्र और उसके रहवासियों को जबरदस्त लूटा जा रहा है। जी हां आपने सही सुना जब से मिर्जापुर से अलग होकर सोनभद्र जिला बना है तब से यहां की संपत्ति को बस लूटा ही जा रहा है। जिससे करोड़ो की राजस्व की क्षति राज्य सरकार को उठानी पड़ती है। बात की जाए यहां के स्थानीय कामगारों की तो उनका शोषण इस कदर होता है कि वो न तो उगल सकते है और न ही पूरी तरह निगल सकते है। उर्जांचल के रेणुकूट स्थित हिंडाल्को में कार्यरत मज़दूरों का शोषण लगातार होता आ रहा। जिसको लेकर कई बार मज़दूर लामबंद भी हुए लेकिन स्थिति में ज्यादा सुधार नहीं हुआ। फिर एक बार मज़दूरों के हित के लिए नगर पंचायत अध्यक्ष निशा बबलू सिंह आगे आई है और उनका प्रयास है कि मज़दूर को उनका वास्तविक हक मिल कर रहे।

इसी सिलसिले में हिंडालको मेन गेट पर मज़दूर भाइयों के हित के लिए उनके द्वारा एक नोटिस चस्पा किया गया था। लेकिन ये बात हिंडाल्को प्रबंधन को इतनी न गवार गुज़री की बिना कुछ सोचे अपने बाउंसर और कुछ सिक्योरिटी गार्डों के द्वारा उस नोटिस को नोटिस बोर्ड से फाड़ कर हटावा दिया गया। जब कंपनी के आदमी को रंगे हांथो पकड़ा गया तो निशा बबलू सिंह के टीम के सदस्यों से लड़ने लगा और देख लेने की धमकी देने लगा। वहीं टीम के सदस्यों का कहना है कि, हम तो मजदूरों की हक को दिलाने में मदद की मकसद से नोटिस चस्पा किया गया था लेकिन हिंडाल्को मैनेजमेंट नहीं चाहता कि मज़दूर अपने हक के लिए हिंडाल्को के सामने अपनी आवाज उठाए इसीलिए कंपनी के द्वारा नोटिस को फाड़ दिया गया। इस कृत्य के लिए कंपनी व मैनेजमेंट के बाउंसर सिक्योरिटी की घोर निंदा किया है। टीम की यह भी कहना हैं कि हम निशा बबलू सिंह के टीम के सदस्य है हम किसी भी तानाशाही के खिलाफ है मज़दूरों के हक के लिए हम निरंतर कोशिश करते रहेंगे।







