HIGHLIGHTS
- नीति आयोग के एडिशनल सेक्रेटरी ने “मेरा प्लास्टिक मेरी जिम्मेदारी” अभियान को बताया नवीन प्रयोग
- जिले के सभी ग्राम प्रधान एवं जनप्रतिनिधि विधायक गण व मंत्री के आह्वान पर जनपद के लगभग 3 लाख घरों पर सिंगल यूज प्लास्टिक को इकट्ठा करने के लिए लगाई गई बोरिया

(संवाददाता)
सोनभद्र। जनपद में सिंगल यूज प्लास्टिक के खिलाफ जिलाधिकारी चन्द्र विजय सिंह के नेतृत्व में चल रहे जन आंदोलन मेरा प्लास्टिक मेरी जिम्मेदारी के अंतर्गत जनपद के सभी को घरों पर बोरी टांगने का लक्ष्य रखा गया था। जिसके जन आंदोलन बनाने के लिए जनपद के सभी ग्राम प्रधान एवं जनप्रतिनिधि विधायक गण व मंत्री के आह्वान पर जनपद के लगभग 3 लाख घरों पर बोरिया लगाई गई। इस अभियान काल के दौरान 196748 बोर से प्लास्टिक इकट्ठा किया गया, जिसमें कुल 4900 किलो प्लास्टिक इकट्ठा हुआ है। इस इकट्ठा हुए प्लास्टिक के निस्तारण के लिए अल्ट्राटेक सीमेंट फैक्ट्री को दिया गया।

आज कलेक्ट्रेट गेट के पास संतोष कुमार यादव, अतिरिक्त सचिव, भारत सरकार/ नोडल अधिकारी नीति आयोग, चंद्र विजय सिंह, जिलाधिकारी, डॉ यशवीर सिंह, पुलिस अधीक्षक एवं मुख्य विकास अधिकारी सौरभ गंगवार ने हरी झंडी दिखा कर प्लास्टिक से लदे वाहनों को रवाना किया जिसे स्वयं जिलाधिकारी ने अल्ट्राकेट फैक्ट्री को सौंपा। वही नोडल अधिकारी संतोष यादव ने कहा कि यह अभियान अपने आप में एक नवीन अभियान है। इससे पर्यावरण को नुकसान होने से बचा लेंगे। जिलाधिकारी चंद्र विजय सिंह ने बताया कि इस अभियान का सबसे मुख्य बिंदु यह है कि घरों पर लोगों को प्लास्टिक उसी घर में संकलित किए जाने के लिए समझाया गया और लोगों ने प्लास्टिक को बाहर फेंकने की जगह अपने घर पर टंगी बोरी में ही रखी। ग्राम पंचायत के द्वारा वह प्लास्टिक इकट्ठा कर उसको निस्तारण के लिए अल्ट्राटेक सीमेंट फैक्ट्री को उपलब्ध कराया गया।

विकास खंड बभनी से 235 किलो, विकास खंड चतरा से 417 किलो, विकास खंड चोपन से 235 किलो, विकास खंड दुद्धी 325 किलो, विकास खंड घोरावल 840 किलो, विकासखंड करमा 830 किलो, विकास खंड कोन से 222 किलो, विकास खंड म्योरपुर से 866 किलो, विकास खंड नगवा से 408 किलो एवं विकास खंड राबर्ट्सगंज से 522 किलो प्लास्टिक सफाई कर्मियों एवं गांव के लोगों के द्वारा इकट्ठा किया गया है। सरकार द्वारा 1 जुलाई से सिंगल यूज प्लास्टिक को बैन किया गया है जनपद का यह कार्यक्रम एक नवीन प्रयास है और इस कार्यक्रम के तरीकों को भारत सरकार के पेयजल एवं स्वच्छता विभाग द्वारा भी सराहा गया है।

भारत सरकार के पेयजल और स्वच्छता विभाग के द्वारा उत्तर प्रदेश के सोनभद्र जिले के इस कार्यक्रम को अपने पेज पर स्थान दिया गया है जनपद में जिलाधिकारी चंद्र विजय सिंह के द्वारा यह एक नवीन प्रयोग किया गया जो काफी सफल रहा ।
मेरा प्लास्टिक मेरी जिम्मेदारी कार्यक्रम नीम चरणों में संपन्न हुआ प्रथम चरण घरों पर बोरी टांग आ जाना द्वितीय चरण में लोगों से अपील किया जाना कि अपनी प्लास्टिक अपनी जिम्मेदारी समझते हुए उसे उसी मोरी में डालें तृतीय चरण में 20 से 25 तारीख तक घर घर जाकर प्लास्टिक को कलेक्ट कर एक जगह इकट्ठा करना एवं विकास खंड पर इकट्ठा किया जाना । इसके अंतिम चरण में आज प्लास्टिक इकट्ठा कर अल्ट्राटेक सीमेंट फैक्ट्री को निस्तारण के लिए जिलाधिकारी चंद्र विजयसिंह ने स्वयं 4900 किलो प्लास्टिक अल्ट्राटेक के प्रबंधन को हस्तांतरित किया। इस अवसर पर मुख्य रूप जिला पंचायत राज अधिकारी विशाल सिंह, सभी विकास खंडों के सहायक विकास अधिकारी, विनय सिंह, अपर जिला पंचायत राज अधिकारी राजेश सिंह, डीपीसी अनिल केसरी उपस्थित रहे।




