
बभनी, सोनभद्र। होली पर की जाने वाली पारंपरिक पूजा में शामिल होने के लिए छत्तीसगढ़ से अपने मूल निवास बभनी आ रहा एक परिवार शनिवार को दुर्घटना का शिकार हो गया। बभनी थाना क्षेत्र के मद्धुघुटरा गांव के पास कार अनियंत्रित होकर सड़क किनारे स्थित पेड़ से जा टकराई। इससे मां बेटा सहित तीन की मौत हो गई। वहीं परिवार के मुखिया गंभीर रूप से घायल हो गए। उपचार के लिए उन्हें नजदीकी अस्पताल ले जाया गया। वहीं पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर अंत्य परीक्षण के लिए सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र दुद्धी भेज दिया। घटना के बाद जहां मौके पर देर तक अफरातफरी मची रही। वहीं पर्व की खुशियां गम में तब्दील होने के कारण उनके मूल निवास राजा सरई में मातम की स्थिति बनी रही।

बभनी क्षेत्र के राजासरई गांव निवासी उपेंद्र दुबे पूरे परिवार के साथ इन दिनों छत्तीसगढ़ के सूरजपुर में निवास करते हैं। वहां सुबह अपनी पत्नी, बेटा श्याम परिवार के अन्य सदस्यों के साथ कार से अपने मूल निवास राजासरई होली पर्व पर होने वाली पारंपरिक पूजा में शामिल होने के लिए कार से आ रहे थे। जैसे ही उनकी कार वाराणसी-अंबिकापुर (छत्तीसगढ़) मार्ग पर स्थित मद्धुघुटरा गाव के समीप पहुंची, अनियंत्रित होकर सड़क किनारे स्थित पेड़ से जा टकराई। इससे मानमती दुबे (70) पत्नी केशव प्रसाद दुबे, देव रूपी दुबे (55) पत्नी उपेंद्र दुबे, उनका पुत्र नवीन दुबे (24) की मौत हो गई। इसमें दो की मौके पर मौत हुई जबकि एक ने अस्पताल जाते समय दम तोड़ दिया।

परिवार के मुखिया उपेंद्र दुबे (56) पुत्र केशव प्रसाद दुबे को घायल अवस्था में उपचार के लिए बबनी पीएचसी ले जाया गया। वहां हालत गंभीर देख प्राथमिक उपचार के बाद परिजनों के इच्छा अनुसार बेहतर उपचार के लिए अंबिकापुर के लिए रेफर कर दिया गया। उधर इस घटना की जानकारी जैसे ही राजासरई गांव में पहुंची, होली के रंग में डूबे लोग अवाक रह गए। जो जहां जिस हालत में था मौके के लिए दौड़ पड़ा। मृतकों की हालत देख संबंधित परिवार से जुड़े लोगों से रुलाई फूट पड़ी। हादसे के चलते पूरे गांव में मातम की स्थिति बनी रही। दूसरे लोग भी विधि की इस विडंबना के प्रति भौंचक नजर आए।




